
रांची/नेतरहाट: झारखंड पर्यटन के लिए एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए आज नेतरहाट में राज्य की पहली जंगल सफ़ारी का विधिवत उद्घाटन किया गया। माननीय पर्यटन मंत्री श्री सुदिव्य कुमार ने हरी झंडी दिखाकर इस परियोजना की शुरुआत की। झारखंड पर्यटन विभाग और वन विभाग के संयुक्त प्रयास से विकसित यह सफ़ारी पर्यटकों को नेतरहाट की प्राकृतिक विरासत का बेहद रोमांचक और करीब से अनुभव कराएगी।
उद्घाटन समारोह में उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए मंत्री श्री सुदिव्य कुमार ने कहा:
“नेतरहाट झारखण्ड का प्राकृतिक रत्न है। जंगल सफ़ारी की शुरुआत से पर्यटक अब यहाँ के घने जंगलों, विविध वन्यजीवों और अनछुए प्राकृतिक सौन्दर्य को सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से देख सकेंगे। यह पहल प्रदेश में पर्यटन को नई गति देगी और स्थानीय समुदायों के लिए रोजगार एवं आजीविका के नए अवसर तैयार करेगी।”
जंगल सफ़ारी मॉडल के तहत पर्यटकों के लिए विशेष मार्गदर्शित टूर, नियंत्रित प्रवेश, सुरक्षा मानकों का पालन और प्रकृति संरक्षण के लिए सख्त प्रावधान किए गए हैं। सफ़ारी क्षेत्र में पर्यावरणीय संतुलन को प्राथमिकता देते हुए इको-फ्रेंडली प्रबंधन व्यवस्था लागू की गई है।
परियोजना का उद्देश्य राज्य में सस्टेनेबल टूरिज्म, एडवेंचर टूरिज्म, और इको-टूरिज्म को बढ़ावा देना है। पर्यटन विभाग के अनुसार, जंगल सफ़ारी शुरू होने से नेतरहाट में पर्यटकों की आवक में बड़ा इजाफा होने की उम्मीद है, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।
नेतरहाट में शुरू हुई यह जंगल सफ़ारी झारखंड के पर्यटन मानचित्र में एक नया आकर्षण जोड़ते हुए प्रदेश के प्राकृतिक सौंदर्य को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाने का काम करेगी।
