रांची : सूर्य सिंह बेसरा एवं उनके सहयोगियों द्वारा ऑल इंडिया महाली आदिवासी एसोसिएशन के बैनर तले 11 नवम्बर को “इंटरनेशनल महाली आदिवासी दिवस” मनाए जाने की घोषणा के विरोध में दक्षिणी छोटा नागपुर क्षेत्र के महली समाज के प्रतिनिधियों ने तीव्र आपत्ति दर्ज की है।
महली जनजाति विकास मंच के अध्यक्ष हरि नारायण महली एवं महली कर्मचारी संघ के अध्यक्ष मनोज कुमार तिर्की की संयुक्त अध्यक्षता में क्रमशः शनिवार एवं रविवार को एक आपात बैठक आयोजित की गई, जिसमें क्षेत्र के विभिन्न जिलों के प्रतिनिधि उपस्थित थे। बैठक में सर्वसम्मति से कहा गया कि उक्त दिवस की घोषणा असंवैधानिक, तर्कहीन तथा बिना किसी वैधानिक स्वीकृति के की गई है।
प्रतिनिधियों ने कहा कि भारत के किसी भी अनुसूचित जनजाति ने अब तक अपने नाम से किसी “अंतरराष्ट्रीय दिवस” की घोषणा नहीं की है। अतः इस प्रकार की मनमानी घोषणा समाज को भ्रमित करने वाली एवं विभाजनकारी है। बैठक में झारखंड, ओडिशा, बंगाल, असम तथा अन्य राज्यों के महली समाज के संगठनों ने भी इस घोषणा का विरोध करते हुए अपील की कि ऐसे कार्यों से महली जनजाति की एकता एवं सम्मान को ठेस न पहुंचे।
