रांची, 7 अगस्त 2026।
डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी विश्वविद्यालय (DSPMU), रांची में शुक्रवार को स्नातक के नवप्रवेशी विद्यार्थियों के लिए इंडक्शन प्रोग्राम सह छात्र प्रेरण कार्यक्रम का आयोजन दो सत्रों में किया गया। कार्यक्रम के दौरान कुलपति डॉ राजीव मनोहर ने विद्यार्थियों का स्वागत करते हुए कहा कि “आज विश्वविद्यालय यहां उपस्थित प्रत्येक विद्यार्थी की एक नई यात्रा का साक्षी बनेगा। शिक्षा का उद्देश्य केवल डिग्री प्राप्त करना नहीं, बल्कि जीवन की सार्थकता सिद्ध करना होना चाहिए।”
उन्होंने पूर्व राष्ट्रपति डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम के विचारों का उल्लेख करते हुए विद्यार्थियों से नवाचार, अनुसंधान, सामाजिक संवेदनशीलता और उत्कृष्टता को अपने जीवन का लक्ष्य बनाने का आह्वान किया। कुलपति ने कहा कि विद्यार्थी ही राज्य और देश के भविष्य के निर्माता हैं।
कार्यक्रम के दौरान कुलपति डॉ राजीव मनोहर ने नशा मुक्ति अभियान के तहत सभी नवप्रवेशी विद्यार्थियों को नशा मुक्ति की शपथ दिलाई तथा स्वस्थ एवं नशामुक्त समाज के निर्माण का संकल्प भी दिलाया। इसी अवसर पर कुलपति, डीएसडब्ल्यू डॉ सर्वोत्तम कुमार तथा कुलानुशासक डॉ अजय चौधरी ने नवप्रवेशी विद्यार्थियों के बीच पहचान पत्र (आईडी कार्ड) का भी वितरण किया।
इंडक्शन कार्यक्रम का पहला सत्र पूर्वाह्न 11 बजे से 12 बजे तक बीबीए और बीसीए विभाग के विद्यार्थियों के लिए तथा दूसरा सत्र हिंदी, भूगोल, गणित एवं लोक प्रशासन विभाग के विद्यार्थियों के लिए विश्वविद्यालय के नए प्रशासनिक भवन स्थित रवीन्द्रनाथ टैगोर सभागार में आयोजित किया गया।
विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ धनंजय द्विवेदी ने विद्यार्थियों को अनुशासन, समयबद्धता और शैक्षणिक उत्कृष्टता अपनाने की प्रेरणा दी। वहीं डीएसडब्ल्यू डॉ सर्वोत्तम कुमार ने नियमित अध्ययन, नैतिक मूल्यों और अनुशासित जीवन पर बल दिया।
प्रथम सत्र में डॉ रजनी कुमारी ने अतिथियों का स्वागत किया। इस दौरान डॉ जेपी शर्मा, डॉ नमिता लाल और डॉ जाफर अब्बास ने भी विद्यार्थियों को संबोधित किया। दूसरे सत्र में कुलानुशासक डॉ अजय चौधरी ने अनुशासन के महत्व पर प्रकाश डाला। साथ ही डॉ अभय कृष्ण सिंह, डॉ शुचि संतोष बरवार, डॉ अनीता मेहता और डॉ जिंदर सिंह मुंडा ने विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय की शैक्षणिक व्यवस्था, पाठ्यक्रम, नियमावली और इतिहास से परिचित कराया।
विश्वविद्यालय के अन्य सभी पारंपरिक एवं व्यावसायिक विभागों में भी विभागाध्यक्षों एवं समन्वयकों के निर्देशन में इंडक्शन कार्यक्रम आयोजित किए गए, जहां नवप्रवेशी विद्यार्थियों को नशा मुक्ति की शपथ दिलाई गई।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) के अंतर्गत मेजर एवं माइनर विषयों के चयन, क्रेडिट सिस्टम तथा विभिन्न सेमेस्टरों में विषय चयन की प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी पीपीटी के माध्यम से दी गई। इस प्रस्तुति की सॉफ्ट कॉपी विद्यार्थियों को उपलब्ध कराने के साथ-साथ विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर भी अपलोड की जाएगी। इसकी जानकारी विश्वविद्यालय के जनसंपर्क पदाधिकारी डॉ राजेश कुमार सिंह ने दी।





